ईरानी

भारत धर्म, विचार और अवसरों के विविध स्कूलों का जीता-जागता म्यूजियम: ईरानी राष्ट्रपति

24

हैदराबाद पहुँचे हसन रूहानी नें पश्चिम के खिलाफ मुस्लिम समुदायों को एकजुट रहने को कहा…

Shabab Khan

शबाब ख़ान (वरिष्ठ पत्रकार)

हैदराबाद: ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी आज हैदराबाद पहुँचे उन्होने मुस्लिमों को सांप्रदायिक मतभेदों को भूलाकर इस्लाम के शत्रुओं के खिलाफ एकजुट रहने का संदेश दिया। रूहानी अपने तीन दिवसीय दौरे पर भारत आए हैं। हैदराबाद में गुरुवार को विभिन्न वर्गों के धार्मिक विद्वानों, शिक्षाविदों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने अविकसित देशों में प्राकृतिक और मानव संसाधनों के दोहन के लिए पश्चिमी देशों पर चोट किया।

इसके साथ ही हसन रूहानी ने जीवन के सभी क्षेत्रों में भारत और ईरान के लोगों के बीच लंबी उम्र के संबंधों पर जोर देकर निकटतम संबंधों की मांग भी की। उन्होंने कहा कि भारत धर्म और विचार और अवसरों के विविध स्कूलों का जीता-जागता म्यूजियम है। हम यहां मंदिरों के साथ पूजा और शांति के दूसरे स्थानों को एक साथ देखते हैं।

आन्ध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और तमिलनाडु में मुस्लिम धर्मगुरुओं के साथ बैठक में रूहानी ने मुस्लिम समाज को उनके दुश्मन के खिलाफ चेतावनी दी, जो हिंसा और आतंकवाद के धर्म के रूप में इस्लाम को पेश कर रहे हैं। गुरुवार को भारत पहुंचे ईरान के राष्ट्रपति रूहानी का यह दौरा दोनों देशों के लिए काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जानकारों की मानें तो रूहानी के इस दौरे पर रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण चाबहार बंदरगाह की ‘कुंजी’ भारत को सौंप सकते हैं।

रूहानी नें शुक्रवार को ऐतिहासिक मक्का मस्जिद में नमाज अदा करने के बाद लोगों को संबोधित किया। रूहानी ऐसे पहले राष्ट्र प्रमुख हैं जिन्होनें 17वीं सदी की मस्जिद में सभा को संबोधित किया है। यह भारत की सबसे बड़ी मस्जिदों में से एक है।

उन्होने सलारजंग संग्रहालय के दौरा किया तथा कुतुब शाही मकबरा देखने भी गये। यह कुतुब शाही शासकों का मकबरा है, जो ईरानी मूल के थे। तेलंगाना में 02 दिन रुककर रूहानी नई दिल्ली के लिए रवाना होंगे, जहां वह राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद मिलेंगे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे।