mother victim

नर्सिंग होम की लापारवाही से मां की गर्भ में शिशु की मौत, फिर महिला के साथ किया गया अमानवीयता

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Shubham Tiwadi

शुभम तिवाड़ी

करौली। हिंडौन सिटी सुर्खियों से निकलने का नाम ही नहीं लेता है। चाहे हत्या का मामला हो चाहे मरीजों के साथ अभद्रता हो या फिर मनमाने तरीकों से अवैध पैसे वसूलने का मामला हो।

आखिर ये निजी अस्पतालों कि गुंडागर्दी कब बंद होगी। क्या इनको चिकित्सा विभाग के किसी बड़े नेता या अधिकारी का संरक्षण है। तो क्या ये सरक्षण लोगों का खून चूसने के लिए है।

हिंडौन सिटी दशकों से निजी अस्पतालों का पीड़ित है। हालांकि सभी निजी अस्पतालों का गोरखधंधा खुलेआम चल रहा है। इन गुंडों के सामने छोटे-मोटे किसी आदमी की शिकायत करने की हिम्मत तक नहीं होती। लेकिन कोई जैसे-तैसे कोशिश करके काले करनामें को उजागर करने की जहमत उठाता है। उसको या तो गुंडों द्वारा धमकी दी जाती है या फिर धन के बल पर मामला शांत कर दिया जाता है। जिससे आम आदमी रोज इनके शिकार बनते रहते हैं।

उल्लेखनीय है कि कल एक निजी अस्पताल बिनीता नर्सिंग होम ने पूरी मानवता को शर्मशार कर दिया। महिला के इलाज में पहले लापरवाही को अंजाम दिया। उसका नतीजा की महिला के पेट में ही नवजात की मौत हो गई। लेकिन नर्सिंग होम उसकी जिम्मेदारी से भी मुकर गया और महिला की छुट्टी भी कर दी गई। की जिससे मामला रफा दफा हो जाये। लेकिन मामला उल्टा जोर पकड़ गया। जिससे बिनीता नर्सिंग होम की पोल खुलती नजर आई।

मामला हिण्डौन सिटी के फूल बाड़ा गांव की ममता शर्मा का है जो कि अपनी डिलेवरी करवाने के लिए हिण्डौन के बिनीता नर्सिंग होम लाया गया जहाँ पर पूर्व से ही इलाज चल रहा था।

वहीं महिला जैसे ही आई तो उसको भर्ती तो किया गया लेकिन उनके कहने के मुताबिक। मेडिकल से दवा नहीं लाई गई और किसी अन्य मेडिकल से दवा लाने से बिनीता नर्सिंग होम के चिकित्सक मक्कड़ नाराज हो गए और महिला के उपचार लापरवाही वर्ती गई। जिससे गर्भवती महिला के पेट मे ही बच्चे की मौत हो गई।

जैसे ही अस्पताल के चिकित्सकों को महसूस हुआ तो उन्होंने छुट्टी कर दी। जिससे मामला रफा दफा हो जाए। लेकिन इसकी सूचना अस्पताल के किसी कर्मचारी ने चुपचाप परिजनों को इस घटना के बारे में बताया तो परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर दिया और अस्पताल कद खिलाफ कार्यवाही की मांग की।

लेकिन मामला गंभीर देख समझाइस पर किसी अन्य अस्पताल में इलाज के लिए ले जाया गया लेकिन अस्पताल वालों की पॉलिसी और मामला विवाद होने की बजह से भर्ती तक नहीं किया गया फिर आखिर परिजनों को गर्भवती महिला को जयपुर ले जाया गया। वहां महिला का उपचार जारी है महिला की हालत गम्भीर बताई है।

इस मामले में बिनीता नर्सिंग होम के काले कारनामों और महिला में साथ कि गई अमानवीयता के मामले में रिपोर्ट दर्ज कराने की बात परिजनों ने कही हैं।